आदित्यपुर मुस्लिम बस्ती फायरिंग कांड का खुलासा, अवैध कमाई के पैसे की लालच में रिश्तेदार ने रची थी साजिश, दो आरोपी गिरफ्तार

घर में भारी रकम होने की आशंका में करीब एक घंटे तक बातचीत का बहाना, फिर लूट और हत्या की नीयत से अचानक बरसाईं गोलियां

स्थानीय लोगों ने एक आरोपी को दबोचा, पुलिस की छापेमारी में ओडिशा से 19 वर्षीय आरोपी गिरफ्तार; मुख्य आरोपी समेत अन्य फरार

सरायकेला से वरिष्ठ संवाददाता की रिपोर्ट

सरायकेला-खरसावां जिले के आदित्यपुर थाना क्षेत्र की मुस्लिम बस्ती में 25 सितंबर की रात हुई गोलीबारी और जानलेवा हमले के मामले का पुलिस ने खुलासा करने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार, घर में कथित तौर पर अवैध कमाई की बड़ी रकम होने की आशंका और उसे हासिल करने की लालच में कल्लू खान के रिश्तेदार एवं पूर्व परिचित शेख अजहरुद्दीन ने अपने साथियों के साथ मिलकर कथित तौर पर वारदात की साजिश रची थी।

पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वहीं मुख्य आरोपी समेत अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी किए जाने की बात पुलिस ने कही है।

गोलीबारी में अब्दुल जाफर घायल

मामले का खुलासा करते हुए सरायकेला के एसडीपीओ अनुभव भारद्वाज ने बताया कि 25 सितंबर की रात करीब 10 बजे कल्लू खान के घर पर कथित आपराधिक नीयत से फायरिंग की गई। इस दौरान गोली अब्दुल जाफर, पिता अब्दुल वाहिद, के सिर को छूते हुए निकल गई।

घायल अब्दुल जाफर का इलाज टीएमएच जमशेदपुर में चलने की जानकारी पुलिस की ओर से दी गई है।

रिश्तेदार पर साजिश रचने का आरोप

पुलिस जांच के अनुसार, मुख्य आरोपी बताए जा रहे शेख अजहरुद्दीन का कल्लू खान से रिश्तेदारी और पूर्व परिचय था। पुलिस का दावा है कि अजहरुद्दीन अपने साथी कादिम खान और अन्य लोगों के साथ कल्लू खान के घर पहुंचा था।

पुलिस के मुताबिक, आरोपियों को कथित तौर पर जानकारी या अंदेशा था कि घर में अवैध कमाई की बड़ी रकम रखी हुई है। इसी रकम को हासिल करने के उद्देश्य से वारदात की योजना बनाए जाने की बात सामने आई है।

करीब एक घंटे तक बातचीत, फिर शुरू हुई फायरिंग

पुलिस के अनुसार, आरोपी करीब एक घंटे तक बातचीत के बहाने घर में मौजूद रहे। इसके बाद अचानक गोलीबारी शुरू कर दी गई।

पुलिस का दावा है कि इस वारदात के पीछे कथित तौर पर लूटपाट के साथ हत्या की नीयत भी शामिल थी। हालांकि, मामले के इन पहलुओं की जांच अभी जारी है।

स्थानीय लोगों ने एक आरोपी को पकड़ा

गोलीबारी के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। इसी दौरान स्थानीय लोगों ने एक आरोपी प्रकाश चंद्र नायक को पकड़ लिया। पुलिस के अनुसार, भीड़ द्वारा उसकी पिटाई किए जाने के बाद उसे पुलिस ने अपने कब्जे में लिया और घायल अवस्था में एमजीएम अस्पताल में भर्ती कराया।

पुलिस के मुताबिक, प्रकाश चंद्र नायक ओडिशा के नयागढ़ जिले के ओडगांव थाना क्षेत्र का रहने वाला है और उसका आपराधिक इतिहास रहा है। पुलिस का कहना है कि वह पूर्व में हत्या और डकैती के मामले में आजीवन कारावास की सजा काट चुका है।

तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर ओडिशा में छापेमारी

घटना की गंभीरता को देखते हुए एसडीपीओ अनुभव भारद्वाज के नेतृत्व में विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया।

टीम में आदित्यपुर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर अंजनी कुमार, सब-इंस्पेक्टर विक्रमादित्य पांडेय, सब-इंस्पेक्टर हीरालाल कुमार, सब-इंस्पेक्टर असलम अंसारी सहित सशस्त्र बल शामिल थे।

पुलिस के अनुसार, तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर टीम ने झारखंड से बाहर ओडिशा के मयूरभंज जिले के जशीपुर थाना क्षेत्र में छापेमारी की। यहां से 19 वर्षीय बबलू महतो उर्फ पद्मलोचन मोहंता, पिता परमानंद मोहंता को गिरफ्तार किया गया।

मुख्य आरोपी समेत अन्य की तलाश जारी

पुलिस ने इस मामले में आदित्यपुर थाना कांड संख्या 269/2026 दर्ज किया है।

एसडीपीओ के अनुसार, मामले के मुख्य आरोपी शेख अजहरुद्दीन, कादिम खान और उनके अन्य साथियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है।

पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने के लिए कार्रवाई जारी है। फिलहाल पुलिस पूरे घटनाक्रम में आरोपियों की भूमिका, हथियारों के इस्तेमाल और कथित लूट की साजिश से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।

मामले में पुलिस के दावों और आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद आगे की जांच में घटना की पूरी तस्वीर स्पष्ट होने की उम्मीद है।