कोयले से लदी मालगाड़ी में आग, चालक की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा

कांड्रा के पास लगी आग, चांडिल स्टेशन पर रोकी गई ट्रेन; फायर ब्रिगेड ने एक घंटे की मशक्कत के बाद पाया काबू

आग की सूचना मिलते ही रेलवे में मचा हड़कंप, ट्रैक नंबर-1 पर ट्रेन रोककर कराया गया अग्निशमन; करीब एक घंटे बाद सामान्य हुई रेल आवाजाही

चांडिल : जमीनी आवास के ब्यूरो चीफ विजय कुमार गोप की रिपोर्ट

दक्षिण पूर्वी रेलवे की कोयला लदी मालगाड़ी में सोमवार रात करीब 8:30 बजे कांड्रा के पास अचानक आग लगने से रेल महकमे में हड़कंप मच गया। मालगाड़ी सरडीहा से आसनसोल की ओर जा रही थी। बोगी से आग उठती देख ट्रेन चालक ने तत्काल सूझबूझ का परिचय देते हुए ट्रेन को चांडिल जंक्शन के ट्रैक नंबर-1 पर रोक दिया। समय रहते ट्रेन रोक दिए जाने से एक बड़े हादसे की आशंका टल गई।
आग की सूचना मिलते ही चांडिल स्टेशन मास्टर ने तत्काल फायर ब्रिगेड को सूचना दी। कुछ ही देर में दमकल की गाड़ी मौके पर पहुंची और रेलवे कर्मियों के सहयोग से आग बुझाने का अभियान शुरू किया गया। बोगी में लदे कोयले पर लगातार पानी का छिड़काव कर आग को फैलने से रोका गया। करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद दमकल कर्मियों ने आग पर काबू पा लिया।
स्टेशन परिसर में मची अफरा-तफरी
मालगाड़ी में आग लगने की खबर मिलते ही चांडिल स्टेशन परिसर में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्टेशन मास्टर समेत रेलवे के अधिकारी और कर्मचारी स्थिति पर नजर बनाए रहे। आग बुझाए जाने तक ट्रेन को सुरक्षित रूप से स्टेशन पर रोके रखा गया।
आग पर नियंत्रण के बाद रेलवे अधिकारियों ने स्थिति का जायजा लिया और आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के पश्चात मालगाड़ी को आगे के लिए रवाना किया गया। इसके बाद करीब एक घंटे में ट्रेनों की आवाजाही भी सामान्य हो गई।
आग लगने का कारण अब भी रहस्य
रेलवे अधिकारियों के अनुसार मालगाड़ी की बोगी में आग किस कारण लगी, इसका तत्काल पता नहीं चल पाया है। आग के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच की जा रही है। घटना में किसी तरह की जनहानि की सूचना नहीं है।
चालक की तत्परता और चांडिल फायर ब्रिगेड की त्वरित कार्रवाई के कारण आग को समय रहते नियंत्रित कर लिया गया। इससे न केवल आग के फैलने का खतरा टला, बल्कि संभावित बड़े रेल हादसे को भी टाल दिया गया।