राहुल षाडंगी ने इस मामले में झामुमो विधायक समीर महंती के भतीजे राकेश महंती, अभिषेक पटनायक, अभिलाष पटनायक समेत करीब दस अज्ञात लोगों के खिलाफ बिष्टुपुर थाना में शिकायत दर्ज कराने की बात कही है। उन्होंने अपने तथा परिवार के सदस्यों की सुरक्षा की मांग भी पुलिस प्रशासन से की है।
कैफे में पहुंचे युवकों पर घेरकर बदसलूकी का आरोप
राहुल षाडंगी के अनुसार, 26 सितंबर की शाम वे अपने मामा के साथ पीएम मॉल स्थित बरिस्ता कैफे में कॉफी पी रहे थे। इसी दौरान राकेश महंती, अभिषेक पटनायक और अभिलाष पटनायक समेत करीब दस युवक वहां पहुंचे। आरोप है कि युवकों ने उनके साथ बदतमीजी शुरू कर दी और अश्लील शब्दों का इस्तेमाल करते हुए गाली-गलौज की।
उन्होंने आरोप लगाया कि विरोध करने पर उन्हें तथा उनके परिवार के सदस्यों को जान से मारने की धमकी दी गई। मंगलवार को घाटशिला स्थित भाजपा जिला कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल षाडंगी ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में भाजपा जिला प्रवक्ता ब्रजेश सिंह, घाटशिला मंडल अध्यक्ष विजय पांडेय, उपाध्यक्ष सुभाष बनर्जी, परेश मुंडा समेत पार्टी के अन्य नेता मौजूद थे।
'बालू-पत्थर और लॉटरी के खिलाफ बोलना बंद करो’—राहुल का दावा
राहुल षाडंगी का आरोप है कि धमकी देने वालों ने उन्हें बहरागोड़ा विधानसभा क्षेत्र में बालू-पत्थर के कथित अवैध खनन, लॉटरी और अन्य गैर-कानूनी गतिविधियों के खिलाफ लिखने और बोलने से रोकने की धमकी दी।
उन्होंने दावा किया कि उनकी जमशेदपुर में रहने वाली मां को लेकर भी आपत्तिजनक बातें कही गईं और परिवार को नुकसान पहुंचाने की धमकी दी गई।
राहुल ने कहा कि वे क्षेत्र में सामाजिक और राजनीतिक गतिविधियों के दौरान कथित गैर-कानूनी गतिविधियों के खिलाफ लगातार आवाज उठाते रहे हैं। उनका आरोप है कि इसी वजह से विधायक समीर महंती और उनके समर्थकों में उनके प्रति नाराजगी है। उन्होंने पूरे घटनाक्रम के पीछे विधायक के भतीजे और समर्थकों का हाथ होने का आरोप लगाया है।
कैफे के CCTV को बताया अहम सबूत
राहुल षाडंगी ने दावा किया कि पूरी घटना कैफे में लगे CCTV कैमरों में रिकॉर्ड हुई है और संबंधित फुटेज पुलिस के पास उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि पुलिस ने वीडियो के आधार पर मामले में कार्रवाई शुरू की है।
हालांकि, आरोपों और CCTV फुटेज की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। मामले में जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, उनकी ओर से प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। पक्ष का बयान और पुलिस जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद घटनाक्रम की तस्वीर और स्पष्ट हो सकेगी।
‘राजनीतिक विरोध हो, लेकिन परिवार को धमकी नहीं’
राहुल षाडंगी ने कहा कि राजनीति में पक्ष और विपक्ष के बीच मतभेद मुद्दों और विचारधारा को लेकर होने चाहिए। किसी नेता या उसके परिवार को व्यक्तिगत स्तर पर धमकी देना लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए उचित नहीं है।
उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जानकारी भाजपा के वरीय नेताओं को दे दी गई है और संगठन उनके साथ खड़ा है।
बिष्टुपुर थाना से लेकर एसएसपी तक कार्रवाई की मांग
घटना के बाद राहुल षाडंगी ने बड़सोल पुलिस को मांगपत्र सौंपकर पूरे मामले की जानकारी देने की बात कही। साथ ही उन्होंने सीनियर एसपी से मुलाकात कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई तथा स्वयं और अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
अब पूरे मामले में पुलिस जांच और CCTV फुटेज से सामने आने वाले तथ्यों पर नजर रहेगी। साथ ही जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, उनकी प्रतिक्रिया और पुलिस की आधिकारिक कार्रवाई से मामले की आगे की तस्वीर स्पष्ट होने की उम्मीद है।