जिले में किडनी रोगियों के लिए राहत की खबर है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) गम्हरिया में The Hans Foundation के सहयोग से 3-बेड वाले डायलिसिस सेंटर की शुरुआत हो गई है। उपायुक्त नितिश कुमार सिंह ने सेंटर का शुभारंभ किया। यहां जरूरतमंद मरीजों को निःशुल्क डायलिसिस की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
उद्घाटन के मौके पर सिविल सर्जन डॉ. सरयू प्रसाद सिंह, CHC गम्हरिया के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी (MOIC) तथा The Hans Foundation के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

उपायुक्त ने कहा कि सरायकेला सदर अस्पताल में पहले से ही मरीजों को निःशुल्क डायलिसिस की सुविधा मिल रही है। अब गम्हरिया में सेंटर शुरू होने से आसपास के मरीजों को अपने क्षेत्र में ही यह सुविधा मिल सकेगी। उन्होंने बताया कि जिले में स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार जारी है और राजनगर, तिरुलडीह समेत अन्य स्वास्थ्य केंद्रों में भी डायलिसिस सेंटर शुरू करने की दिशा में काम किया जा रहा है।
सिर्फ डायलिसिस नहीं, पूरे CHC की व्यवस्था परखी
डायलिसिस सेंटर के उद्घाटन के बाद उपायुक्त ने CHC गम्हरिया का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने महिला एवं पुरुष मरीज वार्ड, ओपीडी, ऑपरेशन कक्ष, दवा भंडार, प्रयोगशाला समेत विभिन्न स्वास्थ्य सुविधाओं और व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान पहले दिए गए निर्देशों पर हुई कार्रवाई और स्वास्थ्य केंद्र में किए गए सुधारों की भी जानकारी ली गई।
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि मरीजों को सुगम, गुणवत्तापूर्ण और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए व्यवस्थाओं की नियमित निगरानी की जाए और जहां कमी मिले, वहां तत्काल सुधार कराया जाए।
टूटी चारदीवारी से लेकर बैठने की व्यवस्था तक पर निर्देश
निरीक्षण के दौरान CHC परिसर की टूटी चारदीवारी की शीघ्र मरम्मत कराने का निर्देश दिया गया। परिसर में नियमित साफ-सफाई बनाए रखने और मरीजों तथा उनके परिजनों के लिए पर्याप्त एवं सुविधाजनक बैठने की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया।
उपायुक्त ने स्वास्थ्यकर्मियों को मरीजों के साथ सहयोगात्मक और संवेदनशील व्यवहार करने का भी निर्देश दिया।

अस्पताल में साफ दिखेगा—कौन सी सुविधा मुफ्त है
उपायुक्त ने स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध सुविधाओं और सरकार की जनकल्याणकारी स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी आम लोगों तक पहुंचाने पर भी जोर दिया। इसके लिए CHC परिसर के प्रमुख स्थानों पर बड़े और स्पष्ट अक्षरों में आवश्यक सूचनाएं प्रदर्शित करने का निर्देश दिया गया।
खास तौर पर यह स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करने को कहा गया कि उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाएं निःशुल्क हैं, ताकि मरीजों और उनके परिजनों को जानकारी के अभाव में परेशानी न हो।
उपायुक्त ने स्वास्थ्य केंद्र में उपलब्ध संसाधनों और व्यवस्थाओं का बेहतर उपयोग सुनिश्चित करने तथा आमजनों को सुलभ और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए संबंधित अधिकारियों एवं चिकित्सकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।